अब SIT इस बहुमूल्य हार और चरण पादुका की असली लोकेशन तलाश रही है

न्यूज डेस्क / उत्तर प्रदेश/: 21 JUNE 2026, सूत्रो के मुताबिक अयोध्या राम मंदिर में 200 करोड़ रुपये से अधिक के चढ़ावे की चोरी मामले की SIT जांच में नया पेंच सामने आया है। राम मंदिर चढ़ावा जांच में नया रहस्य. रामलला को मिला बहुमूल्य हार और चरण पादुका कहां गया? हार पर पादुका गलाकर सोना हजम कर गया सिंडिकेट!प्राण प्रतिष्ठा के समय जौनपुर के विश्वकर्मा परिवार की ओर से रामलला को उपहार में दिए गए बहुमूल्य हार और चरण पादुका की कोई स्पष्ट रसीद या रिकॉर्ड नहीं मिल रहा है।
जानकारी के मुताबिक, जांच के चौथे दिन SIT ने हार और चरण पादुका का पता लगाने की कोशिश की, लेकिन अब तक कोई ठोस जानकारी हाथ नहीं लगी। रामशंकर यादव टिन्नू, कृष्णदेव तिवारी और रामलला के चार पुजारियों से पूछताछ की गई है।
पुजारी मोहित पांडेय ने SIT को बताया कि उन्होंने हार पहनाने के बाद टिन्नू को वापस कर दिया था। वहीं टिन्नू का दावा है कि हार को ईंट के रूप में गलाने के लिए बेंगलुरु भेजा गया था। अब SIT इस बहुमूल्य हार और चरण पादुका की असली लोकेशन तलाश रही है।
सूत्रो के मुताबिक राम मंदिर में दान-पेटी से दान गड़बड़ी के मामले की सबसे पहले शिकायत चंपतराय ने नृपेन्द्र मिश्र को दी थी। 200 करोड़ रुपये से अधिक के चढ़ावे की चोरी के आरोप लगाए गए हैं। नृपेन्द्र मिश्र ने योगी के संज्ञान में लाकर इस मामले पर FIR दर्ज कराई।जब पुलिस ने इससे जुड़े तारों पर छापेमारी की तो सबसे पहले टिन्नू_यादव पकड़ा गया उसके घर में पैसा मिला था टिन्नू यादव को पुलिस गिरफ्तार करके ले गई। इस दौरान चंपत राय और गोपाल राव से SIT की लगातार पूछताछ, राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में अहम दस्तावेज जब्त।
वही, अयोध्या के राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और गोपाल राव से एसआईटी की टीम ने गुरुवार को भी लंबी पूछताछ की। राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में विशेष जांच दल (SIT) अब लगातार दूसरे दिन दोनों अधिकारियों से सवाल-जवाब कर रहा है। सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ के दौरान टीम ने उनके कब्जे से कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी जब्त कर लिए हैं। एक दिन पकड़े तो सारे चोर जायेंगे।



